
नई दिल्ली। लोकसभा सोमवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अभिभाषण पर चर्चा शुरू करेगी। केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल राष्ट्रपति के अभिभाषण के लिए धन्यवाद प्रस्ताव पेश करेंगे।
भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या इस प्रस्ताव का समर्थन करेंगे। सदन ने इस चर्चा के लिए अठारह घंटे का समय आवंटित किया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार चार फरवरी को इस चर्चा का जवाब देंगे। लोकसभा आज सुबह ग्यारह बजे अपनी कार्यवाही शुरू करेगी।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ग्यारह फरवरी को अपना जवाब देने की उम्मीद है। विपक्षी दलों ने एक सर्वदलीय बैठक में कई मुद्दों पर चर्चा की मांग की थी।
इन मुद्दों में मनरेगा की बहाली, मतदाता सूची का सतत अद्यतन और यूजीसी विवाद शामिल हैं। बजट सत्र कुल पैंसठ दिनों में तीस बैठकें आयोजित करेगा।
यह सत्र दो अप्रैल को समाप्त होगा। दोनों सदन तेरह फरवरी से नौ मार्च तक विश्राम पर रहेंगे। इस दौरान संसदीय समितियां विभिन्न मंत्रालयों के मांग अनुदानों की जांच करेंगी।
इस बीच वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में केंद्रीय बजट पेश किया। यह उनका लगातार नौवां केंद्रीय बजट है।
वित्त मंत्री ने कहा कि यह बजट युवाशक्ति से प्रेरित है और तीन कर्तव्यों पर आधारित है। बजट में अगले पांच वर्षों के लिए कई महत्वाकांक्षी योजनाओं का प्रस्ताव है।
इनमें सात हाई स्पीड रेल कॉरिडोर का विकास शामिल है। नए समर्पित माल ढुलाई कॉरिडोर भी बनाए जाएंगे। बीस राष्ट्रीय जलमार्गों को भी परिचालन के लिए तैयार किया जाएगा।
केंद्रीय बजट ने पर्यावरण अनुकूल यात्री परिवहन को बड़ा प्रोत्साहन दिया है। सात हाई स्पीड रेल कॉरिडोर प्रमुख शहरी और आर्थिक केंद्रों को जोड़ेंगे।
ये कॉरिडोर विकास कनेक्टर का काम करेंगे। इनसे यात्रा का समय कम होगा और उत्सर्जन में कमी आएगी। ये कॉरिडोर क्षेत्रीय विकास को भी समर्थन देंगे।
बजट सत्र में अब कई महत्वपूर्ण चर्चाएं होनी हैं। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर चर्चा इसी दिशा में पहला कदम है। सभी दल अपने अपने विचार रखेंगे।
सरकार अपनी नीतियों और योजनाओं का बचाव करेगी। विपक्ष सरकार से सवाल करेगा और जवाबदेही तय करेगा। यह लोकतंत्र की सुंदर प्रक्रिया है।
देश का भविष्य तय करने वाले इन महत्वपूर्ण दिनों में संसद की भूमिका अहम है। हर नागरिक की आशाएं और अपेक्षाएं संसद से जुड़ी हैं।










